मानसा माता आरती | Mansa Mata / Mansa Devi Aarti
॥ आरती — मानसा माता ॥ जय मानसा माता, करुणा की मूरत प्यारी। साँप-रक्षक, संकट हरने वाली, हो जीवन में उजियारी। ॥जय माता॥ तेरी असीम दया स...
पढ़ें →भुवनेश्वरी माता दस महाविद्याओं में से एक हैं। भुवनेश्वरी यानी संसार की स्वामिनी देवी। लाल वस्त्र धारण करने वाली देवी हैं। चार भुजाओं वाली माता का रूप है। राजराजेश्वरी के नाम से भी पूजी जाती हैं। भुवनेश्वरी आरती राज्य और समृद्धि के लिए है। आरती से भुवनेश्वरी की कृपा और सभी सांसारिक सुख मिलते हैं।
॥ आरती — भुवनेश्वरी माता ॥
जय भुवनेश्वरी माता, जग की पालक प्यारी।
करुणा की छाया फैला, दीनों की तू सहकारी।
भुवन‑नवनीता, जगत की तू देवी विशाल,
तेरी महिमा गाये जन, कर दे पापों का नाश हलाल॥
त्वमेव जगदङ्गना, करुणामयी, करुणामयी सदा,
तेरे चरणों की शरण में मिटे दुःख और घोर बाधा।
दीप जला कर करें आरती, पुष्प अर्पित मन से हम,
भुवनेश्वरी माता कृपा करो—देओ जीवन को शुभ कर्म॥
तुम ही समस्त ब्रह्माण्ड की, धरा‑व्यूह की रचना।
तेरी वंदना से मिले मान, पावें भक्तों को रक्षा।
जय भुवनेश्वरी माता, धरा पर उन्नति लाना,
तुम्हारे नाम का जाप कर, दिल में नई आशा जगाना॥
जय जय भुवनेश्वरी माता — करुणा करो, कर दो उद्धार।
जय भुवनेश्वरी माता — सर्वदा श्री जी का अपार नमस्कार॥